महिला दिवस विशेष : पूज्य माता श्री को प्रेषित पत्र ...
दोस्तों आज पूरा विश्व # महिला_दिवस मना रहा है और सभी अपने अपने तरीके से इस पवित्र दिन को हर कदम पर साथ देने की कसम के साथ यादगार बनाना चाहता हैं और आज के दिन मैं भी इस दिन विशेष में बहुत से तथाकथित समाज के चिंतको के जैसे नकारात्मक बातें नही करूँगा बल्कि आज का ये पावन दिन मैं भी अपनी माँ को समर्पित करूँगा - मैं अभी तो अपनी माँ से 100 किमी दूर इलाहाबाद में हूँ पर आज मैं इस पवित्र दिन अपनी माता जी को अपना ये पत्र आप सभी के माध्यम से प्रेषित कर रहा हूँ - मेरी प्रिय माता श्री , प्रणाम ! मुझे भी सभी की तरह नही याद पर विश्वास है की मैंने भी अपने मुख से सबसे पहले माँ शब्द ही बोला होगा और आपने ने मुझे झट से अपनी गोद में उठाकर अपने आँचल से लगाया होगा ।सभी शास्त्र और विद्वानों का कहना है की 'माता ही एक बच्चे की प्राथमिक पाठशाला' होती है और इसका एहसास मुझे आज होता है जब मैं इस समाज रूपी माले में खुद को संस्कार रूपी मोतियों से पिरोया हुआ पाता हूँ । एक स्त्री को अपने जीवन में कई तरह के रिश्ते निभाने पड़ते हैं और हर रिश्ते में आप एक स्त्री को उसी विस्वास और समर्पण र...